Tue. Sep 17th, 2019

डीजीपी के निर्देश पर प्रयागराज के निकम्मे एसएसपी अतुल शर्मा निलंबित

डीजीपी ने रिपोर्ट में बताया निकम्मा

प्रयागराज।

बीते 12 घंटे के भीतर छह हत्याओं से जिले के साथ-साथ सूबे की सरकार भी दहल गई। शासन ने सोमवार को सख्त रुख अपनाते हुए अपराध रोकने में पूरी तरह नाकाम रहे एसएसपी अतुल शर्मा को निलंबित कर दिया। अब एसटीएफ एसएसपी सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज को नया कप्तान बनाया गया है।

लखनऊ में अपर मुख्य सचिव अवनीश अवस्थी ने बताया कि प्रयागराज में आपराधिक घटनाओं पर नियंत्रण में विफल रहने वाले पुलिस कप्तान को निलंबित कर दिया गया है। हालांकि इससे पहले दोपहर में अतुल शर्मा को प्रयागराज के एसएसपी के पद से स्थानांतरित करते हुए डीजीपी मुख्यालय से संबद्ध किया गया था। लेकिन देर शाम उनके निलंबन का आदेश जारी कर दिया गया। बता दें कि अतुल शर्मा के छह महीने के कार्यकाल में ताबड़तोड़ वारदातों से जिला कराहता रहा।

सोमवार को तो 12 घंटे के भीतर ही छह लोगों की हत्या हो गई। धूमनगंज के चौफटका में रास्ते के विवाद में तीन लोगों का कत्ल कर दिया गया। इस तिहरे हत्याकांड की जांच पड़ताल चल ही रही थी कि जार्जटाउन में युवक को गोलियों से भूनकर शव कब्रिस्तान में फेंक दिया गया, जबकि देर रात थरवई में घर के भीतर सो रहे दंपती की बेरहमी से हत्या कर दी गई।

अतुल शर्मा की कार्यप्रणाली को लेकर शासन की निगाहें पहले से ही टेढ़ी थीं। दो बार खुद सीएम योगी आदित्यनाथ भी उन्हें चेतावनी दे चुके थे। मऊआइमा में बैंक मैनेजर समेत कई सनसनीखेज हत्याकांडों का खुलासा भी एसएसपी नहीं कर पाए। उनके कार्यकाल में किए गए ट्रांसफर-पोस्टिंग को लेकर भी सवाल उठते रहे। नए एसएसपी सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज 2010 बैच के आईपीएस अफसर हैं। मूलत: बिहार के रोहतास के रहने वाले सत्यार्थ इससे पहले गोरखपुर में भी एसएसपी रह चुके हैं।

एसएसपी अतुल शर्मा को डीजीपी ओपी सिंह की सिफारिश पर निलंबित किया गया। शासन को भेजी अपनी रिपोर्ट में डीजीपी ने कहा कि प्रयागराज में पिछले दो महीने में अपराध अनियंत्रित हो गया था। एसएसपी अतुल शर्मा के निकम्मेपन और अपराधों के प्रति गंभीर न होने के कारण हत्या, लूट और रंगदारी जैसी कई आपराधिक घटनाएं हुई जिसकी वजह से पुलिस की छवि खराब हुई। अपर मुख्य सचिव अवनीश अवस्थी को भेजे गए पत्र में डीजीपी ने अतुल शर्मा की कार्यशैली पर बड़ा सवाल खड़ा किया।

18 अगस्त को हुई तीनों घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि इन घटनाओं में पुलिस की लापरवाही परिलिक्षित होती है। प्रथम दृष्टया सभी तथ्यों को देखने से उक्त सभी प्रकरणों में पुलिस की लापरवाही एवं निष्क्रिय कार्यप्रणाली स्पष्ट रूप से परिलिक्षित होती है, जिसका एक प्रमुख कारण अतुल शर्मा, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, प्रयागराज के निकम्मेपन और अपराध के प्रति उनका गंभीर न होना है।

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