Tue. Mar 2nd, 2021

लखनऊ- ससुराल वालों की मार से परेशान महिला पहुंची थाने,इंस्पेक्टर ने देख गुनगुनाया,आईये आपका इंतजार था…

 वर्दी का गुमान,पीडि़ता पर गाने का तंज मारने वाले इंस्पेक्टर मिश्रा को बर्खास्त कर देना चाहिये !

सोशल मीडिया की ताकत: वीडियो वायरल होते है ही पुलिस विभाग में हडक़म्प,शर्म करो वर्दीधारी…

तीन दिन पहले ससुराल वालों ने दहेज के लिए पीटा था, छत से दे दिया था धक्का

 अधिकारियों ने लगाई फटकार, दर्ज हुआ मुकदमा 

डीके ठाकुर ने बिठायी जांच, डीसीपी साउथ रवि कुमार को मामले की जांच के आदेश दिए हैं

संजय पुरबिया

लखनऊ। राजधानी के थानों में तैनात ऊंची पहुंच वाले,प्रमोशन पाकर,जुगाड़ लगाकर कमाऊ थानों में पोस्टिंग पाने वाले इंस्पेक्टर वही कर रहे हैं जो उनकी मर्जी…। पीडि़तों को न्याय दिलाने,सच जानकर दोषियों को सलाखों के पीछे ढकेलने के बजाये मौज-मस्ती के साथ-साथ महिने में कहां से कितनी कमाई हो,इस पर ध्यान दे रहे हैं। यही वजह है कि मुख्यमंत्री को बार-बार सख्त निर्देश देने पड़ रहे हैं लेकिन इन मनबढ़ थानाध्यक्षों पर कोई असर नहीं पड़ रहा। सोचिए,जब लखनऊ के थानों में तैनात कई इंस्पेक्टर का इतना क्रूर चेहरा दिख रहा है तो जिलों में तैनात इंस्पेक्टर किस तरह का चेहरा दिखा रहे होंगे…। शर्मनाक है कि मोहनलालगंज थाने में अपने ससुराल वालों की प्रताडऩा से तंग आकर भागकर एक महिला थाने पहुंची तो वहां तैनात इंस्पेक्टर दीनानाथ मिश्रा ने मुस्कराकते हुये गीत सुनाया,आईये आपका इंतजार है…देर हुई आने में तुमको,शुक्र है जो आये तो सही…। इज्जतदार महिला इंस्पेक्टर की घटिया रवैया को देख समझ गयी कि वर्दी में बैठा न्याय करने वाला तो उसके ससुराल वालों से भी बदत्तर इंसान है,इसलिये वो दो बात सुन वहां से चली गयी। आईये बताते हैं पूरी दास्तां…

ससुराल वालों की पिटाई और दहेज प्रताडऩा से त्रस्त विवाहिता रेनू सोमवार दोपहर लडख़ड़ाते हुए अपनी फरियाद लेकर मोहनलालगंज कोतवाली पहुंची। इंस्पेक्टर दीनानाथ मिश्रा से महिला ने शिकायत की तो उन्होंने महिला को पहले गाना सुनाया (आइए आपका इंतजार था, देर हुई आने में तुमको, शुक्र है कि जो आए तो) और पूछा कि यह किस फिल्म का गाना है। हालात की मारी महिला फूट-फूट कर रोने लगी। इसके बाद उल्टे पांव लौट गई। दोपहर बाद इंटरनेट मीडिया पर वीडियो वायरल हुआ तो पुलिस महकमें में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने इंस्पेक्टर को जमकर फटकार लगाई। इसके बाद पीडि़ता की तहरीर पर उसके पति समेत अन्य ससुरालीजनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। इंस्पेक्टर दीनानाथ मिश्रा ने बताया कि रेनू के आरोप निराधार हैं। उसे कोई गाना नहीं सुनाया गया। तहरीर के आधार पर उसके पति राहुल, ससुर महेश, सास और दो ननद के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर कार्यवाही की जा रही है।

पुलिस कमिश्नर डीके ठाकुर ने डीसीपी साउथ रवि कुमार को मामले की जांच के आदेश दिए हैं। दो दिन के अंदर वह अपनी रिपोर्ट देंगे। उसके आधार पर आगे की कार्यवाही की जाएगी।पीडि़ता रेनू के मुताबिक वह मोहनलालगंज के बिल्हानी गौरा की रहने वाली है। बीते 26 जून को उसका विवाह कल्ली पूरब निवासी राहुल के साथ हुआ था। शादी के बाद से दहेज की मांग को लेकर अक्सर पति, ससुर महेश, ननद पूनम, चांदनी और सास आए दिन मारपीट करते रहते थे। बीती 19 फरवरी को सबने जमकर पीटा और फिर छत से धक्का देकर गिरा दिया। मामले की जानकारी पुलिस कंट्रोल रूम को दी गई थी। पुलिस पहुंची समझा-बुझाकर वापस लौट गई। इसके बाद गिरने से गंभीर चोट आ गई थी।
जिसके कारण अस्पताल में रही। आराम मिलने पर लडख़ड़ाते हुए सोमवार को शिकायत लेकर थाने पहुंची। इस पर इंस्पेक्टर साहब गाना सुनाने लगे और फिल्म का नाम पूछा। बिना कार्यवाही के ही लौटा दिया।पीडि़ता रेनू ने बताया कि जब वह थाने पहुंची तो इंस्पेक्टर को उसने अपना हाथ दिखाया और कहा कि ससुरालीजन चाकू से हाथ पर वार भी करते थे। आए दिन मारपीट करते हैं। पीडि़ता का आरोप है कि इस पर इंस्पेक्टर ने कहा कि क्यों थोड़ी थोड़ी चाकू उन्होंने हाथ पर मारी सीधे पेट पर क्यों नहीं मार दी। उन्हें तुम्हारे पेट में चाकू मारनी चाहिए थी

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *