लालू को सबसे बड़ा भ्रष्टाचारी बताने का एक नया चैप्टर
Lalu prasad news: राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद सत्ता पक्ष के लिए सबसे ज्यादा मार्क्स देने वाले नेता साबित हुए है। ठीक राज्य के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की तरह महागठबंधन के समय नीतीश कुमार का यह अल्फाज था कि बोलो बोलो और बोलो मेरे खिलाफ जितना बोलोगे केंद्र वाला तुमको ऊपर बढ़ाएगा। नीतीश कुमार की नजर में सबसे बड़ा डिफेंडर बनने के लिए नीरज कुमार कोई मौका भी चुटिले अंदाज में बयान देना नहीं भूलते। खजाना वाला बयान बस उनके नंबर वन बयान वीर बनने की अगली कड़ी है। जानते हैं कि इस बार जदयू के मुख्य प्रवक्ता और विधान परिषद के सदस्य नीरज कुमार ने क्या नया एंगल लिया है, जानते हैं…
जनता दल यूनाइटेड के मुख्य प्रवक्ता सदस्य नीरज कुमार ने 10 सर्कुलर रोड से रात में समान ढोने पर आशंका जताते हुए कहा कि क्या यह वही संपत्ति तो नहीं है, जो उनके शासन काल में हुए कथित घोटालों से अर्जित की गई हो। क्या जमीन के कागजात, सोना-चांदी या अन्य कीमती सामान किसी तहखाने में छिपाकर रखा गया था, जिसे अब वहां से हटाया जा रहा है? हद तो तब हो गई कि नीरज कुमार ने सरकार से मांग की है कि जब राबड़ी आवास पूरी तरह खाली हो जाए, तो उसके कुछ हिस्सों की खुदाई कराई जाए ताकि सच्चाई सामने आ सके। ज्ञात हो कि 25 नवंबर को बिहार भवन निर्माण विभाग ने नोटिस जारी कर राबड़ी देवी को आवास खाली करने का आदेश दिया था। जदयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार ने तीखा हमला करना छोड़ा नहीं। रात में घर खाली होने पर उन्होंने कहा कि लालू परिवार दिन के उजाले में कोई काम नहीं कर सकता, क्योंकि उन्हें पता है कि उन पर भ्रष्टाचार और अनियमितताओं के आरोप हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि कहीं ऐसा तो नहीं कि कोई “खजाना” छुपाया गया था, जिसे रात में चुपचाप निकालना पड़ा।
जदयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार राजद सुप्रीमो एंड फैमिली को सबसे बड़ा भ्रष्टाचारी साबित करने को ले कर आया ताजा बयान अतिशयोक्ति पर सवार है। यह दीगर कि लालू विरोधियों की यह चुहल उन्हें आनंदित करेगा। राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद सीएम रह चुके हैं उन्हें पता है कि सादे भेष में न जाने कितना पुलिस बल इर्द गिर्द मंडरा रहा होगा। गाड़ियों में सोना ,चांदी ,खजाना, तहखाना ये सब बयान के चुटिले शब्द हैं। उप मुख्यमंत्री के रूप में ही जब, 5 देश रत्न मार्ग तेजस्वी यादव छोड़ा था तब तो थोड़ा बहुत ही सही सोना, चांदी, कुछ तहखाने, खजाना मिला था क्या? हां। सुविधाओं से भरपूर 5 देशरत्न मार्ग पर काफी खर्च किए गए थे। पर जाने के बाद तो उपभोग बाद के उप मुख्यमंत्री ही कर रहे होंगे न?












