प्रमुख सचिव ने ‘अंडर हाइट’ ‘मृतक आश्रितों’ की दो बार रिपोर्ट मांगी लेकिन मुख्यालय पर तैनात आईजी धरमवीर ने नहीं भेजी
प्रमुख सचिव ने मुख्यमंत्री की जानकारी में ‘अंडर हाइट’ जवानों की भर्ती,’मस्टर रोल’ घोटाले की शिकायत पहुंचा दी है

संजय श्रीवास्तव
‘Sunday’s Thoughts’ news reaches the Chief Minister: राजधानी में होमगार्ड मुख्यालय पर आज होमगार्ड विभाग की प्रदेश स्तरीय बैठक में ‘द संडे व्यूज़’की खबरों पर तेज तर्रार प्रमुख सचिव राजेश कुमार सिंह ने मुहर लगा दी। बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जीरो टॉलरेंस पर चलने वाले प्रमुख सचिव, होमगार्ड राजेश कुमार सिंह ने मंच ट्रांसफर घोटाले का जिक्र करते हुये कहा कि मुख्यालय पर कोई नीति नहीं है। किसी को एक जिले से हटाकर दूसरे जिले में तैनात किया जाता है और फिर उसे वापस पुराने जिले का अतिरिक्त चार्ज दे दिया जाता है। होमगार्ड मुख्यालय ने ऐसे दो इकाइयों का चार्ज पूर्व में तैनात इकाइयों को दे दिया था। नियम विरुद्ध पाये जाने पर मैंने दोनों आदेश निरस्त कर दिया। इसी तरह,लखनऊ के मस्टर रोल घोटाले और मृतक आश्रितों की भर्ती में लंबाई कम होने के बावजूद भर्ती करने की रिपोर्ट मांगा लेकिन अभी तक मुख्यालय ने जवाब नहीं दिया। इस बात की जानकारी मुख्यमंत्री तक पहुंचा दी गयी है।

मुख्यालय पर आयोजित प्रदेश स्तरीय बैठक में समस्त डीआईजी,मंडलीय कमांडेंट एवं जिला कमांडेंट की मौजूदगी में आज प्रमुख सचिव का सख्त तेवर देख अधिकारी सकते में थे। उन्होंने मंच से खुलकर कहा कि मुख्यालय पिछले चार माह में जब यहां किसी डीजी की तैनाती नहीं थी,कई काम सही नहीं किये गये। इस दौरान सुल्तानपुर जिले का चार्ज वहां से समय पूरा होने पर अमेठी गई नीता भरतीया को दे दिया था। दूसरा, मंडलीय प्रशिक्षण केंद्र, मुरादाबाद का चार्ज वहां से स्टाफ ऑफिसर टू कमांडेंट जनरल, लखनऊ के पद पर तैनात किये गये मंडलीय कमांडेंट सुनील कुमार को दिया गया था। जब ये बातें मेरी जानकारी में आयी तो मैंने नियम विरुद्ध पाने पर दोनों आदेश को निरस्त कर दिया। लेकिन सुनील कुमार से अभी तक अतिरिक्त चार्ज नहीं लिया गया ?

बैठक में आये अफसरों के बीच चर्चा रही कि प्रमुख सचिव चाहें जो कर लें, आईजी धर्मवीर अपने ओबीसी भाई को ही अतिरिक्त चार्ज दिलायेंगे, जबकि लिंक अधिकारी के रूप में मंडलीय कमांडेंट, मुरादाबाद सुधाकराचार्य पाण्डेय को मंडलीय प्रशिक्षण केंद्र, मुरादाबाद का अतिरिक्त चार्ज मिलना चाहिये था। सवर्ण होने के नाते सुधाकराचार्य पाण्डेय की दाल नहीं गल रही, क्योंकि होमगार्ड मुख्यालय में सपाई मानसिकता के लोग काबिज हैं।
प्रमुख सचिव राजेश कुमार सिंह के तेवर से वहां मौजूद राज्य मंत्री धर्मवीर प्रजापति भी सहम गये थे। द संडे व्यूज प्रमुख सचिव से सिर्फ इतना पूछना चाहता है कि आपके आदेश को होमगार्ड विभाग के आईजी धरमवीर, डीआईजी आर.के.वर्मा ने कोई भाव नहीं दिया और अभी भी लखनऊ में तैनात किये गये एसओटू सीजी के पास ही मंडलीय प्रशिक्षण केंद्र, मुरादाबाद का अतिरिक्त चार्ज है। क्या दोनों अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई करेंगे ?
बता दें कि द संडे व्यूज़ ने खुलासा किया था कि होमगार्ड विभाग में मंत्री ने नियम से अधिक ट्रांसफर कर सरकार को दी चुनौती,ओह लार्ड – यूपी के 31 जनपदों से आये 57 मृतक आश्रितों की लंबाई एक बराबर 167.7 से.मी. निकली?, आर.के.आजाद के घर पर जवान तैनात नहीं,तीन माह की बन गयी सैलरी,शासन ने संजीव शुक्ला को सौंपी जांच शीर्षक से खबर प्रकाशित की। यानि बैठक में द संडे व्यूज की खबर को शासन ने गंभीरता से लिया,इस बात पर मंच से कहा गया जिससे साबित होता है कि कलमकार की स्याही से जब सच निकलता है तो सत्ता में काबिज माननीय भी हिलने लगते हैं।












